Gurmeet singh chandhok



भारत मौसम विज्ञान विभाग द्वारा 1 जुलाई 2026 को भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताए जाने के बाद पिथौरागढ़ जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। जिलाधिकारी ने ऑरेंज अलर्ट के मद्देनजर सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को हाई अलर्ट पर रहने और आपदा से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए हैं।
जिलाधिकारी की ओर से जारी आदेश में बताया गया है कि राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र, देहरादून से प्राप्त मौसम पूर्वानुमान के अनुसार पिथौरागढ़ समेत उत्तराखंड के कई जिलों में भारी बारिश, गर्जन के साथ आकाशीय बिजली चमकने, तेज से अति तीव्र वर्षा और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
जिलाधिकारी ने पुलिस, सेना, आईटीबीपी, एसएसबी, बीआरओ, एनएचपीसी, स्वास्थ्य, शिक्षा, वन, लोक निर्माण, जल संस्थान, बिजली, सिंचाई, नगर निकाय, परिवहन, राजस्व, पंचायत, दूरसंचार सहित सभी विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।
आदेश में कहा गया है कि बारिश के दौरान पर्वतीय क्षेत्रों में ट्रैकिंग पर पूरी तरह रोक रहेगी तथा उच्च हिमालयी क्षेत्रों में पर्यटकों के आवागमन की अनुमति नहीं दी जाएगी। राष्ट्रीय राजमार्ग, राज्य मार्ग और ग्रामीण सड़कों के बाधित होने पर उन्हें तत्काल खोलने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
सभी उपजिलाधिकारियों, तहसीलदारों, राजस्व उपनिरीक्षकों, ग्राम विकास अधिकारियों और ग्राम पंचायत अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में मौजूद रहने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस थानों और चौकियों को भी आपदा राहत उपकरणों एवं वायरलेस सेट के साथ हाई अलर्ट पर रहने को कहा गया है। साथ ही सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के मोबाइल फोन हर समय चालू रखने के निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को बरसाती, टॉर्च, हेलमेट, छाता और अन्य आवश्यक राहत उपकरण साथ रखने के निर्देश भी दिए हैं। किसी भी स्थान पर लोगों के फंसने की स्थिति में खाद्य सामग्री, पेयजल और चिकित्सा सुविधाएं तत्काल उपलब्ध कराने के आदेश दिए गए हैं। विद्यालयों में विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा नगर क्षेत्रों में नालियों और कलवर्टों की सफाई कर जलभराव रोकने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।
इसके अलावा जिला सूचना अधिकारी को मौसम संबंधी चेतावनी का व्यापक प्रचार-प्रसार प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के माध्यम से कराने को कहा गया है। किसी भी आपदा की सूचना तत्काल जिला आपदा नियंत्रण कक्ष को देने के निर्देश जारी किए गए हैं ताकि राहत एवं बचाव कार्य बिना देरी शुरू किया जा सके
