
सुभाष नगर में नवीन स्कूल के पास बिछाई गई नई सीवर लाइन पर उठे सवाल
हल्द्वानी (नैनीताल):शहर के सुभाष नगर क्षेत्र में जल निगम द्वारा बिछाई गई नई सीवर लाइन स्थानीय निवासियों के लिए सुविधा के बजाय परेशानी का कारण बन गई है। नवीन स्कूल के पास वाली गली में बनी इस सीवर लाइन का लेवल ऊंचा होने के कारण गली के एक मकान का कनेक्शन लगा है बाकी मकानों के कनेक्शन नहीं जुड़ पाए हैं। जिससे लोग अपने निजी पैसों से 50000 से ₹100000 खर्च कर कनेक्शन करवा रहे हैं। लोगों को कहना है कि यदि हमने अपने पैसों से ही करवाना था तो सरकार ने यह नई लाइन के लिए इस गली में क्यों पैसे खर्च किए हैं, यह ठेकेदार के लिए है या फिर विभाग के लिये। जो लोग वहां रह रहे है उनके लिए। वहां रह रहे लोगों का कहना है कि हमें परेशानी का सामना भी करना पड़ रहा है और सरकारी पैसे का ही इस प्रकार से दुरुपयोग भी हो रहा है।
लेवल ऊंचा होने से नहीं जुड़ रहे कनेक्शन
स्थानीय निवासियों का आरोप है कि जल निगम ने नई सीवर लाइन और मेनहोल का स्तर उनके और पुराने मकानों की सीवर लाइनों की तुलना में ऊंचा रखा है। लोगों का कहना है कि जब सरकार गली में काम करवा रही है तो इसका काम पूरा करना चाहिए ना कि सिर्फ लाइन डालकर खाली को छोड़ दिया जाए,जिससे वहां रह रहे लोगो को किसी प्रकार की परेशानी का सामना ना करना पड़े।
एक साल पूर्व भी हुआ था विरोध
निवासियों ने बताया कि करीब एक साल पहले जब सीवर लाइन बिछाई जा रही थी, तब भी उन्होंने इसका विरोध किया था। उस समय जल निगम के तत्कालीन अधिशासी अभियंता (AXN) ने मेनहोल का लेवल नीचा कर पुरानी लाइनों को जोड़ने का आश्वासन दिया था। हालांकि, एक साल बीत जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
50 हजार से एक लाख रुपये तक हुए खर्च
नवीन स्कूल की गली के लोगों का दावा है कि अपनी ओर से पाइप जोड़ने व सीवर व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए उन्होंने निजी तौर पर 50 हजार से लेकर एक लाख रुपये तक खर्च कर डाले। लेकिन जब सरकार के द्वारा लाखो करोड़ों रुपए सिविल लाइन को लेकर जारी किए गए और उसके बावजूद भी सरकारी पैसे का इस प्रकार का दुरुपयोग किया जा रहा है और आम जनता के द्वारा अपनी जेब से ही पैसा लगाया जा रहा है तो सरकार के द्वारा यह पैसा किसके लिए जारी किया और ये लाइन किसके लिए डलवाई ।ठेकेदार के लिए या फिर विभाग के लोगों के लिए। या उस गली के लोगो के लिए डलवाई है।
सर्वे के बाद भी ढाक के तीन पात
क्षेत्रीय लोगों के अनुसार, उन्होंने स्थानीय पार्षद, जल निगम के कनिष्ठ अभियंता (जेई) और अधिशासी अभियंता (AXN) से शिकायतें की हैं। मौके का सर्वे भी कराया गया, लेकिन अब तक कोई सुधारात्मक कदम नहीं उठाया गया। जब इस संबंध में helping hand news के द्वारा विभाग के नए एक्सईएन से संपर्क किया गया, तो उनकी ओर से भी समस्या समाधान को लेकर कोई स्पष्ट या संतोषजनक आश्वासन नहीं मिल सका।
तकनीकी जांच और सुधार की मांग
स्थानीय निवासियों ने जल निगम के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि सीवर लाइन व मेनहोल के लेवल की पुनः तकनीकी जांच कराई जाए और उसमें आवश्यक सुधार कर मकानों को जल्द से जल्द कनेक्शन उपलब्ध कराया जाए
