
उत्तराखंड में मौसम विभाग की ओर से भारी से बहुत भारी बारिश के रेड अलर्ट के बाद आपदा प्रबंधन विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। मौसम के पूर्वानुमान को देखते हुए सभी जिलों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, गंगोत्री, केदारनाथ और बदरीनाथ यात्रा मार्गों पर भारी बारिश की संभावना को देखते हुए चारधाम यात्रा को अस्थायी रूप से रोकने पर भी विचार किया जा रहा है।
उत्तराखंड में भारी बारिश का रेड अलर्ट
आपदा प्रबंधन सचिव विनोद कुमार सुमन के मुताबिक, 25 सितंबर को भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की ओर से मैसेज प्राप्त हुआ था। इसमें प्रदेश के कई जनपदों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई थी। मौसम विभाग के पूर्वानुमान को गंभीरता से लेते हुए आपदा प्रबंधन विभाग ने तत्काल सभी जिलों के अधिकारियों के साथ बैठक की और आवश्यक तैयारियों को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए।
यात्रा मार्गों पर विशेष सतर्कता
आपदा सचिव ने बताया कि आज से मौसम के दूसरे चरण में कई इलाकों में भारी बारिश की संभावना है। विशेष रूप से गंगोत्री, केदारनाथ और बदरीनाथ यात्रा मार्गों पर इसका असर पड़ सकता है। भारी बारिश के दौरान भूस्खलन, सड़क बंद होने और यात्रियों के फंसने जैसी स्थिति पैदा हो सकती है।
इसी को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग ने यात्रा अथॉरिटी और संबंधित मंडलायुक्त से चारधाम यात्रा को रोकने पर विचार करने का अनुरोध किया है। इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी किए जाने की प्रक्रिया चल रही है। प्रशासन का उद्देश्य खराब मौसम के दौरान यात्रियों को संभावित खतरे से बचाना और यात्रा मार्गों पर सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
सभी जिलों को अलर्ट पर रखा
आपदा प्रबंधन विभाग ने प्रदेश के सभी जिलों को अलर्ट पर रखा है। संबंधित अधिकारियों को मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखने और जरूरत के अनुसार तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। संवेदनशील क्षेत्रों और यात्रा मार्गों पर विशेष निगरानी रखने को कहा गया है। आपदा प्रबंधन सचिव ने यात्रियों से भी अपील की है कि मौसम की स्थिति को देखते हुए फिलहाल यात्रा स्थगित रखें और प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।
खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन की एडवाइजरी को प्राथमिकता देने की अपील की गई है। भारी बारिश के अलर्ट को देखते हुए प्रशासन की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। अब मौसम की स्थिति और IMD के अगले अपडेट के आधार पर चारधाम यात्रा को लेकर आगे का निर्णय लिया जाएगा।
