



रिपोर्टर महेन्द्र सिंह बिष्ट
जनता मिलन कार्यक्रम में प्राप्त शिकायतों के त्वरित निस्तारण हेतु जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार के निर्देशानुसार ग्राम पंचायत मौराडी में पेयजल व्यवस्था का स्थलीय निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के माध्यम से अधिकारियों ने गांव में जलापूर्ति की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया तथा ग्रामीणों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं।
निरीक्षण के दौरान सहायक परियोजना निदेशक विम्मी जोशी, अधिशासी अभियंता जल संस्थान आर.पी. डोबवाल, सहायक अभियंता पवन सिंह, शिकायतकर्ता पूरन चंद्र भट्ट, क्षेत्र पंचायत सदस्य सहित अन्य ग्रामीण उपस्थित रहे।
स्थलीय निरीक्षण में पाया गया कि गांव में पर्याप्त मात्रा में पेयजल उपलब्ध है तथा दो पेयजल योजनाओं के माध्यम से घर-घर नियमित जलापूर्ति की जा रही है। सभी ग्रामीणों को व्यक्तिगत जल संयोजन अथवा सार्वजनिक स्टैंडपोस्ट के माध्यम से निरंतर एवं सामान्य रूप से पानी उपलब्ध हो रहा है।
ग्रामीणों द्वारा भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए निजी भंडारण टैंकों का निर्माण भी किया गया है, जिससे जल प्रबंधन को अतिरिक्त मजबूती मिली है।
निरीक्षण के दौरान शिकायतकर्ता ने बताया कि वे किसी भी योजना से घरेलू जल संयोजन नहीं लेना चाहते और सार्वजनिक स्टैंडपोस्ट से ही पानी प्राप्त करना जारी रखेंगे। साथ ही उन्होंने मुख्य पाइपलाइन में लगी टी-फिटिंग हटाने की मांग रखी, जिसके माध्यम से नीचे स्थित एक अन्य परिवार को भी पेयजल आपूर्ति की जा रही है।
अधिकारियों द्वारा मौके पर की गई जांच में स्पष्ट हुआ कि उक्त टी-फिटिंग के कारण वर्तमान में किसी भी परिवार की जलापूर्ति प्रभावित नहीं हो रही है तथा दोनों परिवारों को सामान्य रूप से पानी उपलब्ध हो रहा है। अधिकारियों ने यह भी बताया कि टी-फिटिंग हटाए जाने की स्थिति में नीचे स्थित परिवार की पेयजल आपूर्ति बाधित होने की संभावना है।
जिलाधिकारी श्री मनीष कुमार ने स्पष्ट किया कि जनता मिलन में प्राप्त प्रत्येक शिकायत का गंभीरता से परीक्षण कर त्वरित एवं न्यायसंगत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि आमजन की समस्याओं का समयबद्ध समाधान हो सके।
