
उत्तराखंड BJP में दायित्व बंटवारे की बाट जोह रहे नेताओं का सब्र अब जवाब देने लगा है। सत्ताधारी दल के जो हालात है, उसे देख यही कहा जा सकता है की दायित्व की चाबी पूरी तरह से दिल्ली हाईकमान के पास है और राज्य स्तर पर सिर्फ इंतजार है।
होली के बाद जारी हो सकती है दायित्वधारियों की लिस्ट
उत्तराखंड में धामी सरकार को चार साल पूरे होने को हैं, लेकिन पार्टी के कई नेताओं का दायित्व पाने का सपना अब भी अधूरा है। 2027 की तैयारियों में जुटी बीजेपी अपने संगठन को मजबूत करने के लिए कार्यकर्ताओं को साधने की दिशा में कदम उठा रही है। इसी दिशा में आगे बढ़ते हुए चर्चाएं थी की भाजपा होली से पहले ही दायित्वधारियों की पांचवीं लिस्ट जारी करने जा रही है, लेकिन देहरादून से लेकर दिल्ली की सियासी गलियारों तक अब चर्चाएं है कि राज्य नेतृत्व के हाथ में कुछ नहीं बचा है, यानि की दायित्व पर अंतिम मुहर हाईकमान ही लगाएगा।
दरअसल लंबे समय से ये कयास लगाए जा रहे थे कि होली पर कार्यकर्ताओं को सौगात मिलेगी, लेकिन हर बार लिस्ट टलती रही। वर्तमान में कार्यकर्ताओं के बीच अब दायित्व की आस कम और निराशा ज्यादा दिखाई दे रही है। बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कई बार संकेत दिए कि सूची तैयार है, अभी भी महेंद्र भट्ट का यहीं कहना है की होली के बाद नेताओं की और अच्छी होली मनेगी।
27 के चुनाव को ध्यान में रख फूंक-फूंक कर कदम बढ़ा रही BJP
महेंद्र भट्ट पहले भी कई बाद दायित्वधारियों की लिस्ट जारी करने की बात कह चुके है, लेकिन अब इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता है की लिस्ट जारी करने का ग्रीन सिग्नल अभी भी केंद्रीय नेतृत्व के पास अटका हुआ है और उसकी वजह 2027 का विधानसभा चुनाव है। बीजेपी 27 के चुनाव को ध्यान में रखकर हर कदम फूंक-फूंक कर आगे बढ़ रही है।
देहरादून से दिल्ली तक नेता या विधायक भले ही दौड़ लगा ले, लेकिन जिस हिसाब में दायित्व बंटवारे में लगातार देरी हो रही है, उसे देख यहीं समझा जा सकता है की सिफारिश के कुछ नहीं होने वाला है, ब्लकि परफॉर्मेंस ही पद का आधार होगी, हाईमान ऐसे नेताओं को जिम्मेदारी सौंपना चाहता है, जो जमीनी स्तर पर रहकर पार्टी को मजबूत कर सकें।
