दीपक अधिकारी
हल्द्वानी
अल्मोड़ा। नगर के व्यस्त इलाकों में संदिग्ध माओवादी पोस्टर चस्पा मिलने से सोमवार को सनसनी फैल गई। चौघानपाटा और केमू स्टेशन क्षेत्र में लगे पोस्टरों ने लोगों के बीच भय का माहौल पैदा कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस और खुफिया एजेंसियां हरकत में आ गईं और तत्काल पोस्टर हटवा दिए गए।
‘अल्मोड़ा में माओवादियों का आतंक’ शीर्षक से लगाए गए पोस्टर
बताया गया कि पोस्टरों पर ‘अल्मोड़ा में माओवादियों का आतंक’ शीर्षक लिखा था। इनमें एक घर को निशाना बनाए जाने और महिलाओं के साथ दुराचार जैसे गंभीर आरोप दर्ज थे। पोस्टर में कुछ सरकारी कर्मचारियों के शामिल होने का भी उल्लेख किया गया था।सुबह आवाजाही के दौरान राहगीरों की नजर पोस्टरों पर पड़ी। देखते ही देखते किसी ने इसकी तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल कर दी, जिससे अफवाहों का दौर शुरू हो गया और नगर में दहशत का माहौल बन गया।
पुलिस ने खंगाले सीसीटीवी फुटेज
सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा और पोस्टर हटवाने के साथ आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी। फुटेज के आधार पर पोस्टर चस्पा करने वाले एक व्यक्ति की पहचान कर उसे कोतवाली लाया गया, जहां उससे पूछताछ की गई।पूछताछ के दौरान संबंधित व्यक्ति कोई ठोस तथ्य प्रस्तुत नहीं कर सका। पुलिस के अनुसार उसकी मानसिक स्थिति कमजोर प्रतीत हुई।
पुलिस एक्ट में चालान, अफवाह फैलाने पर सख्ती
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर आर घोडके ने बताया कि मामले में संबंधित व्यक्ति का पुलिस एक्ट के तहत चालान किया गया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि इस प्रकार की अफवाह फैलाने और भय का वातावरण बनाने वाली हरकतें किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएंगी।पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्रशासन को दें और अपुष्ट खबरों को सोशल मीडिया पर साझा करने से बचें।
